मंदिर में हो रही जबरन किशोरी की शादी को पुलिस ने रोका,प्रेमीयुगल हिरासत में।
बेतिया से वकीलुर रहमान खान की ब्यूरो रिपोर्ट।
मझौलिया (पच्छिम चम्पारण)
मझौलिया थाना क्षेत्र की एक गांव में पंचायत स्तर पर एक युवक और किशोरी का जबरन शादी कराए जाने की सूचना पर पुलिस ने कार्रवाई की।पुलिस ने बैठानिया वार्ड संख्या तीन,स्थित मंदिर परिसर में पहुंचकर विवाह को रोकते हुए प्रेमीयुगल को हिरासत में ले लिया,साथ ही अग्रसर कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी।इंस्पेक्टर सह थाना अध्यक्षअमर कुमार ने संवाददाता को बताया कि प्रेमी बालिग है,जिसे न्यायिक प्रक्रिया के तहत जेल भेजा जाएगा।किशोरी का मेडिकल जांच कर कर उसे न्यायिक प्रक्रिया के तहत संबंधित पदाधिकारी के समक्ष प्रस्तुत किया जाएगा संवाददाता को पता चला है कि मंदिर परिसर में पंचायत के कुछ लोग दोनों की शादी करने में जुटे थे, तभी किसी ने पुलिस को सूचना दी कि बालिग लड़का और नाबालिग लड़की की शादी कराई जा रही है। पुलिस ने तत्काल हस्तक्षेप कर विवाह की प्रक्रिया पर रोकवा दिया।इस तरह की घटना शहरी क्षेत्र केअनुपात में ग्रामीण क्षेत्रों मेंअधिक हो रही है,यह विडंबना ही माना जाएगा कि इन दिनों बहुत नाबालिक किशोरिया बालिक किशोर से शादी करने का मूड बना लेती हैं, वैसे तो सरकारी रिकॉर्ड के अनुसार 18 वर्ष की आयु को बालिक की श्रेणी में रखा गया है,मगर इन दिनों 14/15 वर्ष कीआयु में ही किशोरिया बालिक हो जा रही हैं,लड़के15/16 वर्ष की उम्र में बालिक हो जा रहे हैं।
सरकार को चाहिए कि 18 वर्ष की उम्र को घटाकर 16 वर्ष की उम्र में ही बालिक मान लिया जाए,इसमें सभी किशोर/किशोरिया दोनों समाहित हो जाएं।ऐसा हो जाने पर शादी की नीयत से किशोरियों कीअपहरण की घटना पर निरंकुश लग सकता है।
